धामी सरकार के साढ़े चार साल: युवाओं के लिए रोजगार का रिकॉर्ड, हर महीने 518 को मिली सरकारी नौकरी…
उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार का साढ़े चार साल का कार्यकाल युवाओं के लिए उम्मीद और अवसरों का दौर बनकर उभरा है। इस अवधि में अब तक 28,000 से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी प्रदान की जा चुकी है। आंकड़ों के लिहाज से देखें तो औसतन हर महीने 518 युवाओं को सरकारी सेवाओं में रोजगार मिला है।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने 04 जुलाई 2021 को कार्यभार ग्रहण करने के बाद से ही युवाओं को रोजगार और कौशल विकास से जोड़ने को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। पहले और दूसरे कार्यकाल को मिलाकर अब तक 54 महीनों में लोक सेवा आयोग, उत्तराखण्ड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग और चिकित्सा सेवा चयन आयोग के माध्यम से रिकॉर्ड संख्या में भर्तियां की गई हैं।
सरकारी भर्तियों में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए धामी सरकार ने फरवरी 2023 में सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया, जिसने भर्ती परीक्षाओं में सक्रिय नकल माफिया के नेटवर्क को तोड़ दिया। इस कानून के बाद प्रदेश में परीक्षाएं समय पर, निष्पक्ष और बिना किसी बाधा के संपन्न हो रही हैं। जहां पहले भर्ती प्रक्रिया में दो से तीन साल लग जाते थे, अब औसतन एक साल में ही चयन प्रक्रिया पूरी हो रही है। इसका नतीजा यह हुआ कि मेधावी युवा अब एक से अधिक विभागों में चयनित हो रहे हैं।
सरकारी नौकरियों के साथ-साथ सरकार ने युवाओं को वैश्विक स्तर पर रोजगार से जोड़ने की दिशा में भी ठोस कदम उठाए हैं। 9 नवंबर 2022 से शुरू की गई मुख्यमंत्री कौशल उन्नयन एवं वैश्विक रोजगार योजना के तहत युवाओं को आतिथ्य, नर्सिंग और ऑटोमोबाइल जैसे क्षेत्रों में प्रशिक्षण देकर जर्मनी और जापान में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। अब तक 154 युवाओं को प्रशिक्षण दिया जा चुका है, जिनमें से 37 युवाओं को जापान में रोजगार मिल चुका है।
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी का कहना है कि उनकी सरकार युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। आने वाले एक वर्ष में भी विभिन्न चयन आयोगों के माध्यम से रिकॉर्ड संख्या में भर्तियां प्रस्तावित हैं, जिससे रोजगार के ये आंकड़े और बढ़ेंगे।
धामी सरकार के कार्यकाल में युवा वर्ग प्रदेश का सबसे बड़ा लाभार्थी बनकर सामने आया है और उत्तराखण्ड रोजगार, पारदर्शिता और कौशल विकास के क्षेत्र में एक नई पहचान गढ़ रहा है।
