19 दिन से धरने पर बैठे ग्रामीणों की आवाज बने ज्येष्ठ प्रमुख संजय, कमिश्नर दीपक रावत को सौंपा ज्ञापन; टेड़ा गांव की दाखिल-खारिज पर जल्द हटेगी रोक…
हल्द्वानी। जस्सागाँजा क्षेत्र में अनियंत्रित डंपरों की आवाजाही पर रोक लगाने और जर्जर सड़कों की मरम्मत की मांग को लेकर पिछले 19 दिनों से लगातार धरने पर बैठे ग्रामीणों के समर्थन में प्रतिनिधिमंडल ने कुमाऊँ कमिश्नर दीपक रावत से मुलाकात की।
इस दौरान उन्हें क्षेत्र की गंभीर स्थिति से अवगत कराते हुए बताया गया कि ग्रामीण 24 घंटे धरना दे रहे हैं, जबकि पिछले 48 घंटों से बुजुर्ग महिलाएं भूख हड़ताल पर बैठी हैं। इसके बावजूद शासन-प्रशासन की ओर से अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है।
प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन कुमाऊँ कमिश्नर को सौंपते हुए आग्रह किया कि ग्रामीणों की मांगों को तत्काल मुख्यमंत्री तक पहुंचाया जाए और अनियंत्रित डंपरों की आवाजाही पर प्रभावी रोक लगाने के साथ-साथ जर्जर सड़कों के निर्माण की दिशा में शीघ्र कार्रवाई की जाए।
मुलाकात के दौरान लंबे समय से टेड़ा गांव में दाखिल-खारिज पर लगी रोक का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। इस पर कुमाऊँ कमिश्नर दीपक रावत ने आश्वासन दिया कि टेड़ा गांव की जमीनों पर दाखिल-खारिज पर लगी रोक को जल्द हटाने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी, जिससे स्थानीय लोगों को राहत मिल सके।
प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि क्षेत्र की जनता लंबे समय से बुनियादी समस्याओं से जूझ रही है और जब तक उनकी जायज मांगों का समाधान नहीं होगा, तब तक जनहित के मुद्दों को लगातार मजबूती से उठाया जाता रहेगा। ग्रामीणों को उम्मीद है कि प्रशासन अब उनकी समस्याओं का शीघ्र समाधान करेगा।
