आस्था उत्तराखंड–बाबा बद्री विशाल के कपाट शीतकाल के लिए बंद…

0
Screenshot_20231118_210538_Gallery
खबर शेयर करें -

लोक मान्यताओं में भू-वैकुंठधाम के रूप में प्रसिद्ध बदरीनाथ धाम के कपाट शनिवार अपराह्न शीतकाल के लिए बंद कर दिए गए। बद्री विशाल की जय के घोष और वैदिक ऋचाओं के गुंजन के साथ मुर्हूतानुसार अपराह्न ठीक 3ः33 बजे विधि-विधान से कपाट बंद किए गए।

इस दौरान हजारों श्रद्धालु मौजूद रहे। इसके साथ ही इस वर्ष की चारधाम यात्रा पूर्ण हो गई है।

यह भी पढ़ें:  उत्तराखंड–नैनीताल में ऑरेंज अलर्ट का असर: 20 जुलाई को सभी स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र रहेंगे बंद, डीएम ने जारी किए आदेश...

बद्रीनाथ धाम के कपाट बंद करने से पहले पंच दिवसीय विशेष पूजा-अर्चना की गई। पिछले पांच दिनों के आखिरी पड़ाव में शुक्रवार को कढाई भोग और पूजा-अर्चना के बाद माता लक्ष्मी को गर्भगृह में विराजमान होने का न्योता दिया गया।

यह भी पढ़ें:  उत्तराखंड–नैनीताल में ऑरेंज अलर्ट का असर: 20 जुलाई को सभी स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र रहेंगे बंद, डीएम ने जारी किए आदेश...

रावल ईश्वरी प्रसाद नंबूदरी ने परिसर स्थित लक्ष्मी मंदिर में यह विशेष पूजा-अर्चना की। कपाट बंद होने के मौके पर बदरीनाथ मंदिर को कई कुंतल फूलों से भव्य रूप से सजाया गया था। अब शीतकाल में शंकराचार्य के गद्दी स्थल जोशीमठ में भगवान बदरी-विशाल की पूजा-अर्चना होगी। इस वर्ष धाम में रिकॉर्ड यात्री आए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *