नैनीताल–लगातार बारिश से नैनीताल में अलर्ट, डीएम ने विभागों को दिए सख्त निर्देश, करीब चार दर्जन सड़कें बंद, संवेदनशील इलाकों में मशीनरी और राहत टीमें तैनात…
हल्द्वानी। नैनीताल जिले में लगातार हो रही भारी बारिश को देखते हुए जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गया है। जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने सभी संबंधित विभागों को सतर्क रहने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए हैं। पहाड़ी और मैदानी दोनों क्षेत्रों में हो रही बारिश के चलते नदी-नालों का जलस्तर बढ़ने के साथ ही भूस्खलन का खतरा भी बना हुआ है।
जिलाधिकारी ने जिला आपदा नियंत्रण कक्ष के साथ ही सभी तहसील एवं ब्लॉक स्तरीय कंट्रोल रूम को 24 घंटे सक्रिय रखने के निर्देश दिए हैं। लोक निर्माण विभाग, पीएमजीएसवाई, राष्ट्रीय राजमार्ग, सिंचाई, विद्युत, पेयजल समेत सभी कार्यदायी संस्थाओं को संवेदनशील स्थानों पर पर्याप्त मशीनरी और मैनपावर के साथ तैनात रहने को कहा गया है, ताकि बारिश के कारण किसी मार्ग के बाधित होने पर उसे तत्काल यातायात के लिए खोला जा सके।
जिलाधिकारी के अनुसार जिले में इस समय करीब चार दर्जन मार्ग विभिन्न स्थानों पर बाधित हैं। इनमें अधिकांश ग्रामीण सड़कें शामिल हैं। वहीं 4-5 स्टेट हाईवे के अलावा राष्ट्रीय राजमार्ग का गरमपानी क्षेत्र भी बारिश के कारण प्रभावित हुआ है। मार्गों को खोलने के लिए मौके पर मशीनरी लगाई गई है और कार्य लगातार जारी है। प्रशासन का दावा है कि प्रभावित मार्गों को जल्द से जल्द यातायात के लिए बहाल करने का प्रयास किया जा रहा है।
बारिश से संभावित नुकसान को देखते हुए राजस्व विभाग की टीमें अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार भ्रमण कर रही हैं। मकानों को आंशिक क्षति पहुंचने अथवा पशुहानि की सूचना मिलने पर संबंधित तहसीलदारों के माध्यम से प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रशासन की ओर से ग्रामीण क्षेत्रों में आम लोगों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए चौपालों का आयोजन भी जारी है। जिलाधिकारी के निर्देश पर शुक्रवार को तहसील नैनीताल, धारी और खनस्यूं क्षेत्र के विभिन्न गांवों में राजस्व उपनिरीक्षकों ने चौपाल लगाई।
इन चौपालों में विरासत के आधार पर नामांतरण से संबंधित कुल 33 प्रकरण प्राप्त हुए। तहसील धारी क्षेत्र में 21 तथा तहसील खनस्यूं में 12 प्रकरण सामने आए। राजस्व टीमों ने सभी मामलों का मौके पर ही निस्तारण कर ग्रामीणों को राहत दी।
जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने जिलेवासियों से अपील की है कि अत्यंत आवश्यक होने पर ही बारिश के दौरान घर से बाहर निकलें। उन्होंने लोगों को भूस्खलन संभावित क्षेत्रों, नदी-नालों, गधेरों और बरसाती नालों के किनारे जाने से बचने की सलाह दी है।
उन्होंने विशेष रूप से युवाओं और बच्चों से अपील की कि बारिश के दौरान रील बनाने अथवा फोटोग्राफी के लिए जोखिम भरे स्थानों पर न जाएं। बरसाती नदियों और नालों में अचानक तेज बहाव आने की आशंका रहती है, ऐसे में थोड़ी सी लापरवाही गंभीर हादसे का कारण बन सकती है।
जिलाधिकारी ने कहा कि जिला प्रशासन मौसम की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने और किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।