ब्रेकिंग देहरादून– कई दरोगाओं के सर्टिफिकेट ही फर्जी, कई और पर गिर सकती है गाज…

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देहरादून– 2015 में हुए दरोगा भर्ती घोटाले में नए तथ्य निकल कर सामने आ रहे हैं।

सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक निलंबित किए गए 20 दरोगाओं में से कई की दसवीं और बारहवीं की मार्कशीट भी जाली होने के सबूत मिले हैं।

मामले की तफ्तीश विजिलेंस विभाग कर रहा है वहीं 30 और दरोगाओं के गले पर भी प्रशासन की तलवार लटक रही है। एडीजी लॉ एंड ऑर्डर वी मुरुगेशन ने बताया कि मामले की तफ्तीश लगातार जारी है। समय के साथ नए साक्ष्य भी निकल कर सामने आ रहे हैं और प्रशासन साक्ष्यों के आधार पर उचित कार्यवाही कर रहा है।

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2015-16 में हुए दारोगा भर्ती घोटाले में अभी और भी खुलासा हो सकते हैं कुमाऊं में तैनात दारोगाओं पर विजिलेंस जांच की सुई केंद्रित है। कम से कम 50 दारोगा विजिलेंस की जांच के दायरे में हैं। टॉपर दारोगाओं पर खास नजर है। दारोगाओं की भर्ती कांग्रेस कार्यकाल में हुई थी।

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सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक बताया जा रहा है कि बिजनेस की एवं फिर बोलो जांच में सबूत मिलने पर ही 20 दरोगा के खिलाफ कार्रवाई की गई है। जांच रिपोर्ट फाइनल होने के बाद अब इनकी बर्खास्त की कार्रवाई भी तलवार लटकी हुई है।

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